गुरुदेव के संस्मरण ~ ओशो की दिव्य उपस्थिति !!!
विदेही गुरु देहधारी गुरुओं को निर्देशित करते हैं न की शिष्यों को। तीन कोटि के सिखाने वाले:- पहली कोटि विद्यार्थियों का शिक्षक, द...
विदेही गुरु देहधारी गुरुओं को निर्देशित करते हैं न की शिष्यों को। तीन कोटि के सिखाने वाले:- पहली कोटि विद्यार्थियों का शिक्षक, द...
बाबा भूतनाथ बिहार के बहुत बड़े तांत्रिक हुए। तंत्र के वाममार्ग और दक्षिणमार्ग दोनों विधाओं में वे सिद्धहस्त थे। उन्होंने मां कामख्या की ...
टाट बाबा सांख्ययोगी हैं और अक्रिया ध्यान का अनुमोदन करते हैं। उनका जोर करने से ज्यादा जागने पर है। वे ब्रह्मज्ञानी हैं। उनका आश्र...
बाबा भजन ब्रह्मचारी बंगाल के प्रसिद्ध संत हुए। उनके हजारों शिष्य थे। वे सदा भक्तिमार्ग की अनुशंसा करते थे। गुरुदेव (सद्गुरु ओशो सिद्...
हिमालय शब्द उच्चारण से ही पवित्रता और उच्चता की तरंगों से हृदय सराबोर हो जाता है। यह सिद्धों और अनेक गुप्त रहस्यमय आश्रमों की पवित्रतम ...
मौनी बाबा एक रहस्यमय संत थे, उनके व्यक्तिगत जीवन के बारे में कोई भी जानकारी और उनका कोई भी फोटो उपलब्ध नहीं है, उनकी गुरुदेव (सद्गुरु ...
महावतार बाबा लाहिड़ी महाशय जी के पूर्व-जन्म के गुरु थे। इसीलिए उन्होंने उन्हें दर्शन देकर क्रियायोग की दीक्षा दी थी। श्यामाचरण लाहिड़ी महा...
सदगुरु तुम्हें कंप्यूटर बना देने में उत्सुक नहीं है। उसकी उत्सुकता है कि तुम स्वयं प्रकाश बनो, तुम्हारा अस्तित्व प्रामाणिक बने, एक अम...
धन्य है यह अध्यात्म की उर्वर भूमि भारत, जो निरंतर सद्गुरुओं को पैदा किये जा रही है। इसी क्रम में सनातनधर्म को पुनः प्रतिष्ठित करने के लिए इस पावन धरा पर अवतरित हुए परमगुरु ओशो के सदशिष्य गुरुदेव सिद्धार्थ औलिया जी जिन्होंने अपने गुरु ओशो के स्वप्न को ओशोधारा रूपी रहस्य विद्यालय में प्रयोगात्मक रूप से प्रकट कर दिया है। उनके ही गुरु प्रेम से ओतप्रोत विराट जीवन की संक्षिप्त झांकी को इस blog के माध्यम से प्रकट करने का प्रयास किया जा रहा है ऐसा समझें कि सागर को गागर में भरने का प्रयास! सभी प्रभु प्यासों को गुरुदेव के साथ प्रभु की इस महिमामयी यात्रा का आमंत्रण है। गुरुदेव की अपार करुणा से अब सभी के लिए प्रभु के द्वार खुल गए हैं। अब हम इस आपाधापी भरे जीवन में भी गुरुदेव के मार्गदर्शन में प्रभु को जान कर उसके प्रेम में जी सकते हैं। और इस संसार में कमलवत रहकर अपने सारे दायित्वों को निभाते हुए, जीने का मज़ा ले सकते हैं।आइए हम सभी भारत को, सनातनधर्म को पुनः उसकी उत्तुंग आध्यात्मिक ऊंचाइयों में प्रतिष्ठित करें। 🕉️🙏जय गुरुदेव🙏🕉️ जागरण सिद्धार्थ
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